जापान दौरे पर जाएंगे मुनि इंटरनेशनल स्कूल के छात्र

  |    May 24th, 2018   |   0

नई दिल्ली (राजेश शर्मा)- शिक्षा के क्षेत्र में विश्व स्तर पर पहचान बनाने वाले मुनि इंटरनेशनल स्कूल के छात्र 27 मई को जापान जाने की तैयारियों में लगे है। दिल्ली के मोहन गार्डन स्थित इस स्कूल में दी जाने वाली खास शिक्षा का ही परिणाम है कि आज मुनि स्कूल के छात्रों व शिक्षकों को जापान जाने का अवसर मिला है।

जापान जाने वाले छात्रों के इस दल में मुनि इंटरनेशनल स्कूल के 6 छात्रों और एक शिक्षिका को जापान जाने का मौका मिला है। इस बात से उत्साहित स्कूल प्रधानाचार्या सीमा शर्मा ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ छात्र को विदेश जाने का मौका मिलना, एक अद्भुत सपने के साकार होने जैसा है। हमारे छात्रों का जापान जाना हमारे लिए गर्व की बात है।
मुनि स्कूल संस्थापक डॉ. अशोक कुमार ठाकुर व प्रधानाचार्य सीमा शर्मा ने जापान जाने वाले छात्रों व शिक्षिक आशा सिंह को बधाई दी।
जापान साईंस एंड टैक्नॉलोजी एजेंसी(जीएसटीए) के कार्यक्रम के तहत जापान जाने वाले ये सभी छात्र वहां के हिरोशिमा युनिवर्सिटी हाई स्कूल, नेशनल म्यूजियम ऑफ साईंस एंड इनॉवेशन, जापान एरोस्पेस एक्सपलोरेशन एजेंसी, चुगोकु इलैक्ट्रीक पावर आदि स्थानों का भ्रमण करेंगे। इसके अलावा वहां की कला संस्कृति को जानना भी इनका मुख्य उद्देश्य रहेगा।
इस संबंध में जानकारी देते हुए मुनि स्कूल संस्थापक डॉ. अशोक कुमार ठाकुर ने बताया कि मुनि स्कूल की शिक्षण-प्रशिक्षण पद्द्ति से प्रभावित होकर जापान सरकार ने बीते 2013 से मुनि स्कूल को अपना पार्टनर स्कूल घोषित किया। जिसके बाद हमारे स्कूल के छात्रों को प्रत्येक वर्ष जे.ई.एन.ई.एस.वाई.एस.(JENESYS) व जे.एस.टी (JST) प्रोग्राम के तहत जापान जाने के अवसर मिलते रहे हैं। अब तक हमारे स्कूल से 70 छात्र व 10 शिक्षक जापान के दौरे पर जा चुके हैं। जापान जाने वाले ये सभी छात्र सामान्य परिवारों से हैं। छात्रों के इस शैक्षिक दौरे का पूरा खर्च जापान सरकार द्वारा ही वहन किया जाता है।
जापान जाने वाले ये सभी छात्र अन्य छात्रों के लिए प्रेरणादायी होंगे, क्योंकि इनसे प्रेरित होकर अन्य छात्र भी अपनी शिक्षा को गंभीरता से लेंगे।
10वीं कक्षा की छात्रा निहारिका मुनि स्कूल की वो छात्रा हैं जिन्हें स्कूल की तरफ से जापान जाने का दूसरी बार मौका मिला है। पहली बार कम उम्र होने के कारण नहीं जा सकी तो इस बार पूरे उत्साह के साथ तैयारियों में लगी हैं। निहारिका ने बताया कि वो जापान दौरे से बहुत कुछ सीख कर वापिस लौटेंगी वहां के अनुभवों से देश हित में कुछ नया करेंगी।
छात्र जिज्ञासु ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि मुझे यह अवसर मिलना बहुत बङी बात है, मैं इसका भरपूर उपयोग करूंगा। जापान दौरे से बहुत कुछ सीख कर ही आउंगा। हर्ष मित्तल, वैभव कुलश्रेष्ठ, छात्रा अंजली व रिवा गुप्ता ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए बताया कि वो जापान की टैक्नॉलोजी को देखने, समझने को लेकर काफी उत्साहित हैं। जापान की तकनीक को सीख कर भारत में भी लागू करने का प्रयास करेंगे।