सड़क दुर्घटनाएं रोकने के लिए रिंग रोड राजौरी गार्डन की रेडलाइट पर फुट ओवरब्रिज की मांग हुई तेज

  |    February 5th, 2019   |   0

सड़क दुर्घटना की शिकार विद्या देवी नेत्र-दान कर, रोशन कर गई संसार

नई दिल्ली (संवाददाता)- राजा गार्डन से मायापुरी चौक के बीच में रिंग रोड राजौरी गार्डन की लाल बत्ती पर जहां पर बहुत वर्षों से स्थानीय नागरिकों की डिमांड है कि यहां सड़क पार करने के लिये फुट ओवरब्रिज होना चाहिए।लेकिन आज तक न बना ,जिसके कारण आये दिन दुर्घटना होने से कई लोग जान गवां बैठे हैं। शक्रवार 1 फरवरी  को भी सड़क दुर्घटना का शिकार बनी 64 वर्षीय श्रीमती विद्या देवी जो सी ब्लॉक राजौरी गार्डन की निवासी थी।हररोज की भांति सुबह की सैर करने के लिये सड़क पार बिंद्रा पार्क राजौरी गार्डन के लिये निकली थी जोकि उनके घर से चंद कदमों की दूरी पर है।

वापसी में घर के बच्चों के लिए फल खरीद कर सड़क पार करते वक्त बिना लाल बत्ती पर रुके एक कैब के ड्राइवर ने टक्कर मार दी।प्रत्यक्ष दर्शियों के मुताबिक टक्कर इतनी जोरदार थी कि विद्या देवी बहुत जोर से उछल कर सिर के बल सड़क पर गिर गयी।किसी ने 100 नम्बर पर कॉल की ।पुलिसकर्मी ही नजदीक में ई.एस. आई.हस्पताल लेकर गए।लेकिन डॉक्टर ने बताया कि दुर्घटना के कारण मौके पर ही विद्या देवी की मृत्यु हो चुकी थी।पोस्टमार्टम के लिए शव को दीनदयाल हस्पताल ले जाया गया,जहां डॉक्टर्स ने विद्या देवी जी के दामाद जगदीप सेहरावत को बताया कि इनकी आंखों कॉर्निया के दान से छः लोगों की आँखों की रोशनी ठीक हो सकती है,जिसे तुरन्त जगदीप सेहरावत ने आग्रह स्वीकार कर नेत्र दान के लिए स्वीकृति प्रदान की।ऑल इंडिया मेडिकल इंस्टीट्यूट स्थित डॉ. राजेन्द्र प्रसाद नेत्र रोग हस्पताल की टीम द्वारा नेत्रों से कॉर्निया सफलता पूर्वक निकाल कर सुरक्षित रखा गया।

मायापुरी से राजगार्डन चौक के बीचोंबीच राजौरी गार्डन की क्रॉसिंग पर स्थानीय जनता की वर्षों पुरानी मांग है कि यहां पर फुट ओवरब्रिज बनना चाहिए।लगभग 7 वर्ष पूर्व यहां पर फुटओवरब्रिज पास ही चुका था और कार्य भी शुरू हो गया था,लेकिन तत्कालीन राजनीतिक दबाव के चलते उस चलते काम को बंद करवा दिया गया,जोकि जांच का विषय है।इस लाल बत्ती पर पूर्व में भी कई सड़क हादसों में कई लोग अपनी जान गंवा बैठे हैं,लेकिन प्रशासन के कानों पर जूं नहीं रेंगती।चैम्बर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्रीज़ के उपाध्यक्ष सन्दीप भारद्वाज ने बताया कि लगभग ढाई साल पहले यहां पर ट्रैफिक व PWD और अग्निशमन विभाग से फुटओवरब्रिज के बनने का सर्वे उन्होंने खुद खड़े होकर करवाया और सभी विभागों द्वारा ब्रिज की आवश्यकता और एन ओ सी की रिपोर्ट दाखिल हो चुकी है और रिपोर्ट भी फाइलों में दबी हुई है।स्थानीय निवासी रमेश भाटिया ने पत्राचार की पूरी फ़ाइल दिखाई जिसमें दिल्ली सरकार और सम्बंधित विभागों को पत्र लिखे गए हैं। आज सभी नागरिकों में फुटवरब्रिज न बनने के कारण और विद्या देवी की दुर्घटना में मृत्यु होने का गुस्सा इतना ज्यादा था कि सभी नागरिक सड़क पर उतर आए व विद्या देवी को श्रदांजलि व प्रदर्शन का कार्यक्रम तय किया गया ।कुछ देर के लिये भीड़ ने रिंग रोड का ट्रैफिक भी बाधित किया जिसे खुद लोगों ने ही आपस नें समझ- बुझ से सुचारू रूप से चलने दिया।सभी ने एकस्वर में मांग रखी कि इस लालबत्ती पर यथाशीघ्र फुटओवर ब्रिज बने और उसका नामकरण विद्या देवी के नाम पर हो।प्रदर्शन के दौरान क्षेत्रीय विधायक शिवचरण गोयल ने भी उपस्थित जनसमूह को फुटवरब्रिज के कार्य को शीघ्र करवाने का आहवासन दिया।धरने प्रदर्शन में सन्दीप भारद्वाज,रमेश भाटिया,नरेंद्र कुमार चौधरी,सतीश लाम्बा,जगदीप सेहरावत,धर्मवीर आनंद,बबिता सेहरावत,किरण लढा,विमल छोपड,जीवन राम,अरुण भसीन,सन्दीप दहिया, अरुण भसीन,संजय तिवारी,विनोद सोनी,और बहुत बड़ी संख्या में RWA के साथ स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।