डीयू में दाखिले के लिए होजाएं तैयार 6 से 11 सितंबर तक होंगी प्रवेश परीक्षाएं

  |    August 23rd, 2020   |   0

नई दिल्ली (भारती शर्मा)- दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध शैक्षिक सत्र-2020-21 के लिए यूजी, पीजी पाठ्यक्रमों में एडमिशन के लिए परीक्षा की तिथि घोषित कर दी गई है। जिसके तहत दाखिले के लिए 6 से 11 सितंबर तक प्रवेश परीक्षाएं आयोजित होंगी। इन परीक्षाओं में वहीं छात्र शामिल हो सकेंगे जिन्होंने 31 जुलाई 2020 तक अपना नामांकन किया होगा।

ध्यान रहे कि डीयू में 16 संकाय और 86 शैक्षणिक विभागों में एमफिल, पीएचडी प्रोग्राम कराया जाता है। जिन छात्रों ने 31 जुलाई 2020 तक विज्ञान, वाणिज्य और मानविकी विषयों में ऑन लाइन रजिस्ट्रेशन किया है। उनके फार्मो की स्कूटनी और वेरिफिकेशन करने के पश्चात ही एंट्रेंस एग्जाम की तिथि शुक्रवार को घोषित की है। एंट्रेंस एग्जाम संबंधी अधिक जानकारी प्राप्त करने के लिए  डीयू पोर्टल पर जाकर देख सकते हैं।

                      प्रवेश की तिथि घोषित की-

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एन टीए) ने यूजीसी नेट परीक्षाएं, दिल्ली यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (डीयूईटी) इग्नू ओपन मेट (एमबीए) इग्नू पीएचडी ,आईसीएआर एआईईईई (यूजी) समेत कई परीक्षाओं की तिथि जारी कर दी है। एनटीए द्वारा आधिकारिक वेबसाइट nta.ac. in पर एंट्रेंस एग्जाम का शेड्यूल देख सकते हैं और सभी तरह की जानकारी प्राप्त की जा सकती है।

दिल्ली यूनिवर्सिटी की एकेडेमिक काउंसिल के पूर्व सदस्य व पूर्व एडमिशन कमेटी के सदस्य प्रोफेसर हंसराज ‘सुमन ‘ ने बताया है कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार यूजीसी नेट परीक्षा 16 सितंबर से 18 सितंबर और 21 से 25 सितंबर के बीच होगी।

दिल्ली यूनिवर्सिटी परीक्षा(डीयूईटी) का आयोजन 6 से 11 सितंबर के बीच होगा। उम्मीदवारों को दो सप्ताह पहले एडमिट कार्ड जारी किए जाएंगे। एडमिट कार्ड में छात्र का रोल नम्बर, परीक्षा केंद्र, परीक्षा का समय, परीक्षा की शिफ्ट आदि सभी जानकारी दी गई है।

दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रवेश परीक्षा आधारित कोर्सिज की परीक्षाएं 6 सितंबर से आयोजित की जारही हें। ये सभी परीक्षाएं 11 सितंबर तक चलेगी। दिल्ली यूनिवर्सिटी एडमिशन एंट्रेंस टेस्ट –2020 आयोजन नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा कराया जाएगा।

प्रोफेसर सुमन ने बताया है कि दिल्ली विश्वविद्यालय के अंडर ग्रेजुएट कोर्सिज, पोस्ट ग्रेजुएट कोर्सिज के अलावा एमफिल व पीएचडी प्रोग्राम में एडमिशन के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यह प्रवेश परीक्षा आयोजित करती है इसे दिल्ली यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट के नाम से ही जाना जाता है। प्रोफेसर सुमन ने बताया है कि जो छात्र प्रवेश परीक्षा पास कर लेते हैं उन्हें उस कोर्सिज में एडमिशन मिल जाता है। कुछ कोर्सिज को छोड़कर जहां एंट्रेंस के बाद इंटरव्यू लेने की प्रक्रिया है। छात्रों का चयन करने के लिए प्रवेश परीक्षा ली जाती है ताकि छात्रों की छटनी हो जाये बेहतर और योग्य छात्रों को प्रवेश मिले।

प्रवेश परीक्षा में भी छात्रों को मिलता है आरक्षण-

प्रोफेसर सुमन ने बताया है कि दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रवेश लेने वाले सीधे मार्क्स के आधार पर या एंट्रेंस एग्जाम के आधार पर एडमिशन लेने वाले छात्रों को दोनों ही प्रोग्राम में उन्हें केंद्र सरकार की आरक्षण नीति के तहत एडमिशन दिया जाता है। उन्होंने बताया है कि एससी–15 %,एसटी–7:5 %,ओबीसी–27 %आरक्षण, ईडब्ल्यूएस–10 % आरक्षण दिए जाने का प्रावधान है।

वहीं पीडब्ल्यूडी व ईडब्ल्यूएस से एडमिशन लेने वाले छात्रों को भी आरक्षण का लाभ मिलता है। दिल्ली विश्वविद्यालय में ईडब्ल्यूएस आरक्षण के कारण यूजी, पीजी, और एमफिल और पीएचडी की सीटों में 25 फीसदी सीटों में इजाफा हुआ है। हालांकि इस बार छात्रों के परीक्षा परिणाम को देखते हुए हाई कट ऑफ जाने की उम्मीद है। लेकिन छात्रों को निराश नहीं होना चाहिए। डीयू में एसओएल, दिल्ली में ही इग्नू व दिल्ली की छात्राओं के लिए नॉन कॉलेजिएट है। जिसके विभिन्न कॉलेजों में अंडर ग्रेजुएट के 26 सेंटर है वहीं पीजी के लिए एक सेंटर है जहां वे प्रवेश ले सकते हैं और डीयू में एडमिशन लेने का उनका सपना पूरा हो सकता है।