कंट्रीवाईड इंपेक्ट अवार्ड समारोह व कॉनवोकेशन 24 दिसंबर को – तैयारियां जोरों पर

  |    December 8th, 2017   |   0

जीवन में उत्साह और नई ऊर्जा का संचार करते हैं अवार्ड : डॉ. अभिराम कुलश्रेष्ठ

नई दिल्ली (राजेश शर्मा)- दुनिया का हर आदमी अपने लिए सम्मान चाहता हैं, जब भी किसी व्यक्ति को सम्मान मिलता या उसकी सराहना की जाती है, तो उसके जीवन में उत्साह का संचार और कार्य क्षमाता व गुणवत्ता में भी सुधार होता है।

यही सम्मान यदि किसी व्यक्ति को अवार्ड के रूप में बङ़े मंच पर समाज के किसी विख्यात महानुभव द्वारा प्रदान किया जाए तो वह दिन उस व्यक्ति के लिए आजीवन यादगार बन जाता है।

इसी सोच को मूर्त रूप देने के लिए विख्यात शिक्षाविद् डॉ. अभीराम कुलश्रेष्ठ ने समाज के विभिन्न क्षेत्रों में बेहतर कार्य करने वाले लोगों को अवार्ड (सम्मान) देने का अभियान दो वर्ष पूर्व शुरू किया। जिसका खास मकसद लोगों को सकारात्मकता के साथ आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित करते हुए प्रतिभाशाली लोगों को समाज के समक्ष लाना, ताकि वो अन्य लोगों के लिए मार्गदर्शक व प्रेरणा स्त्रोत बनें और अन्य लोग उनके अनुभवों का लाभ उठा सकें।

डॉ. अभीराम कुलश्रेष्ठ के कुशल नेतृत्व में चले रहे इस अभियान में अभी तक 11 अवार्ड समारोह हुए हैं। प्रत्येक समारोह में समाजिक जागरूकता का एक खास संदेश लोगों तक देने का प्रयास किया जाता है। इससे पूर्व हुए समारोह में वृक्ष बचाने, हरियाली बढ़ाने पर जोर दिया गया और इस क्षेत्र में काम करने वाले महानुभवों को “ग्रीन लीडर” अवार्ड से नवाजा गया।

इसके अलावा सैंकङों लोगों को विभिन्न क्षेत्रों में अवार्ड दिया जाचुका है। इस कङी में कुछ महानुभवों को डॉक्टरेट की मानद उपाधी से भी अलंकृत किया गया इनमें मुख्यतः विख्यात कविता कृष्णमूर्ति, गज़ल गायक पंकज उद्हास, फिल्मी कलाकार महिमा चौधरी व राकेश बेदी जैसी नामचीन हस्तियों के नाम शामिल हैं।

इसी श्रृंखला को आगे बढ़ाते हुए 24 दिसंबर रविवार, को दिल्ली के रशियन कल्चर सेंटर होने वाले 12वें समारोह “कंट्रीवाईड इंपेक्ट अवार्ड व कॉनवोकेशन” समारोह की तैयारियां जोरों पर हैं। डॉ. अभीराम कुलश्रेष्ठ ने बताया कि इस समारोह के मुख्यअतिथि प्रसिद्ध वॉलीवुड गायकार सुरेश वाडेकर व ललित पंडित होंगे। समारोह के दौरान लगभग 30 लोगों को विभिन्न क्षेत्रों में अवार्ड दिए जाएगें और 10 लोग डॉक्टरेट की मानद उपाधी से अलंकृत भी होंगे।

समारोह के दौरान कलाकारों द्वारा लघु नाटिका व गीत संगीत के माध्यम से “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओं” का संदेश दिया जाएगा।